Russia-Belarus Relations: रूस ने बेलारूसर में परमाणु बमों को कहां पर तैनात किया है, इसका खुलासा ताजा सैटेलाइट तस्वीरों में हुआ है. फेडरेशन ऑफ अमेरिकन साइंटिस्ट नाम की संस्था का कहना है कि नई तस्वीरों से पता चलता है कि बेलारूस के असिपोविची शहर के पास एक हथियार डिपो में दोहरी बाड़ वाली सुरक्षा परिधि का निर्माण कार्य चल रहा है. बता यह संस्था दुनिया भर के परमाणु हथियारों पर नजर रखती है.
इससे पहले अमेरिका की सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी ने फरवरी 2023 के अंत में रिपोर्ट दी थी कि रूसी रक्षा मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने परमाणु हथियार भंडारण के संभावित उन्नयन के लिए असिपोविची के आसपास एक फैसिलिटी का दौरा किया था.
असिपोविची में ही रूसी इस्कंदर मिसाइलें भी तैनात हैं जो कि मॉस्को ने 2022 में बेलारूस को की थी. ये मिसाइलें परमाणु और गैर परमाणु हमला करने में सक्षम हैं
परमाणु हथियारों की मौजूदगी का पुख्ता सबूत नहीं मिला
हालांकि फेडरेशन ऑफ अमेरिकन साइंटिस्ट का कहना है कि हम निर्माण कार्य, उनके आकार और समयसीमा के आधार पर परमाणु हथियारों का अड्डा होने का दावा कर रहे हैं. संस्था का कहना है कि उनहें अभी तक ऐसे सबूत नहीं मिले हैं जो निर्णायक रूप से बेलारूस के क्षेत्र पर एक सक्रिय परमाणु हथियार फैसिलिटी की उपस्थिति का संकेत देते हों.
बता दें रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने मार्च में घोषणा की थी कि रूस 1 जुलाई, 2023 तक बेलारूस में एक परमाणु हथियार भंडारण स्थल को पूरा करने की योजना बना रहा है, लेकिन बाद में भंडारण सुविधाओं की तैयारी में देरी के कारण समयरेखा को 7-8 जुलाई तक बढ़ा दिया गया.
‘परमाणु हथियारों का इस्तेमाल कभी नहीं किया जाएगा’
इस बीच रॉयटर्स के मुताबिक यूक्रेन में युद्ध में क्रेमलिन के सबसे कट्टर सहयोगी, बेलारूसी राष्ट्रपति अलेक्जेंडर लुकाशेंको ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें यकीन है कि उनके देश में तैनात रूसी सामरिक परमाणु हथियारों का इस्तेमाल कभी नहीं किया जाएगा.
लुकाशेंको और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने स्वीकार किया है कि कुछ सामरिक हथियार बेलारूस में आ गए हैं और शेष को साल के अंत तक स्थापित कर दिया जाएगा.
बेलारूसी राष्ट्रपति ने अपने पूर्व-सोवियत राज्य के राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर एक संबोधन में कहा कि बेलारूस में हथियार तैनात करना “मेरी सबसे मजबूत पहल” थी.
लुकाशेंको ने राज्य बेल्टा समाचार एजेंसी द्वारा एक ऑनलाइन प्रसारण में एक बड़े हॉल में आयोजित एक सभा में कहा, ‘जैसे-जैसे हम आगे बढ़े हैं, हम और अधिक आश्वस्त होते गए कि उन्हें (हथियारों को) यहां, बेलारूस में, एक विश्वसनीय स्थान पर तैनात किया जाना चाहिए.’
बेलारूसी राष्ट्रपति ने कहा, ‘मुझे यकीन है कि जब तक वे यहां रहेंगे, हमें कभी भी उनका इस्तेमाल नहीं करना पड़ेगा. और कोई भी दुश्मन कभी भी हमारी ज़मीन पर कदम नहीं रखेगा.‘




