फ्रांस में एक नाबालिग लड़के की पुलिस की गोली से हुई मौत के बाद शुरू हुई हिंसा और दंगों का आज पांचवा दिन है. चौथी रात प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए फ्रांस ने शुक्रवार को हल्के बख्तरबंद वाहनों के साथ 45000 अधिकारियों को तैनात किया. बीती रात ही सौ से ज्यादा दंगाइयों को गिरफ्तार किया गया है. इस तरह अबतक करीब 900 से ज्यादा की गिरफ्तारी हो चुकी है. नाहेल नाम के टीनेजर की हत्या के वीडियो ने लोगों को इस तरह आक्रोशित कर दिया कि हालात अबतक बेकाबू हैं. इस बीच मृतक किशोर की मां ने कहा है कि उनके बेटे को इंसाफ मिलना चाहिए.
बच्चों को घर से बाहर न निकलने दें: राष्ट्रपतिराष्ट्रपति मैनुएल मैक्रों ने इस घटनाक्रम पर चिंता जताते हुए पैरेंट्स से अपने बच्चों को घर से बाहर न निकलने देने की अपील की है. दंगों को रोकने के लिए सोशल मीडिया पर पूरी तरह बैन लगाने का प्रस्ताव रखा गया है. मैक्रों ने अपनी आपात बैठक के बाद कहा ‘स्नैपचैट’ और ‘टिकटॉक’ जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ने दंगो को बढ़ावा देने में बड़ी भूमिका निभाई.
पीड़ित मां का छलका दर्द’
मृतक बच्चे नाहेल की मां मौनिया एम ने ‘फ्रांस 5’ से बात करते हुए कहा, ‘मेरा बेटा मेरी जान था. वो मेरा सहारा था. मुझे उस पुलिसवाले पर बहुत गुस्सा आ रहा है जिसने मेरे इकलौते बच्चे को मार डाला. मेरे बेटे को न्याय मिलना चाहिए. कोई भी पुलिसकर्मी अपनी बंदूक लेकर हमारे बच्चों पर गोली नहीं चला सकता, हमारे बच्चों की जान नहीं ले सकता’
आरोपी की गिरफ्तारी के बाद भी हिंसा जारी
आरोपी पुलिसकर्मी की गिरफ्तारी के बावजूद देश जल रहा है. लोगों का गुस्सा थमा नहीं है. प्रदर्शनकारियों ने स्कूल, कॉलेज, सिटी हॉल, टाउन हॉल, कम्युनिटी सेंटर, पुलिस स्टेशन, मॉल और दुकानों को आग के हवाले कर दिया. कुछ इलाकों में कर्फ्यू लगा है तो कुछ इलाकों में इंटरनेट बैन है. परिवहन सेवाएं बंद हैं. सोशल मीडिया की निगरानी हो रही है.




