भोपाल। शहर से भिक्षावृत्ति खत्म करने और इसमें लिप्त लोगों का पुनर्वास कराने के लिए जिला प्रशासन मुहिम चला रहा है। इसी सिलसिले में शहर के विभिन्न इलाकों में सर्वे के लिए दलों का गठन किया गया। इन दलों द्वारा शहर के विभिन्न क्षेत्रों का सर्वे करते हुए 200 से अधिक भिखारियों को चिह्नित किया गया है, इनमें बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं शामिल हैं। यह सभी चौक, चौराहों, तिराहों, धार्मिक स्थल, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और सामाजिक स्थलों पर मिले हैं। इनमें सबसे ज्यादा भीख मांगने वाले गोविंदपुरा संभाग से चिह्नित किए गए हैं। इनकी संख्या 114 है।
कलेक्टर को सौंपी रिपोर्ट
भोपाल को भिखारी मुक्त बनाने के लिए चल रहा सर्वे शुक्रवार को पूरा हो गया। सभी एसडीएम ने रिपोर्ट बनाई है। इनमें से कुछ ने कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह को रिपोर्ट सौंप भी दी है। गोविंदपुरा में भिक्षावृत्ति करने वाले कुल 114 लोगों की प्रोफाइल बनी है। इनमें बच्चों से लेकर महिलाएं और पुरुष भी शामिल हैं।
कराएंगे पुनर्वास
कलेक्टर ने बताया कि तीन दिन में सर्वे करने को कहा गया था, जो पूरा हो गया है। अब समग्र रिपोर्ट बना रहे हैं। इसके बाद भिक्षावृत्ति से जुड़े इन लोगों के पुनर्वास पर काम किया जाएगा। गोविंदपुरा एसडीएम रवीश श्रीवास्तव ने बताया कि तीन दिन तक सर्वे किया गया। कुल 114 लोगों की प्रोफाइल बनाई गई है।
इन्होंने किया सर्वे
यह सर्वे एसडीएम, तहसीलदार और सामाजिक न्याय विभाग ने मिलकर किया है। अब इन चिह्नित लोगों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए सर्वेक्षण, पहचान, मोबिलाइजेशन, पुनर्वास और आजीविका के उपाय किए जाएंगे।