Thursday, April 16, 2026
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सात समंदर पार विराजेंगे नर्मदा की माटी से बने गणेश, मध्‍य प्रदेश के बड़वानी से हुई बुकिंग

बड़वानी। पुण्य सलिला मां नर्मदा की पावन माटी से बने विघ्नहर्ता की मूर्तियां अब सात समंदर पार भी विराजेंगी। बड़वानी के रोहिणी तीर्थ राजघाट की मिट्टी से गणेशजी की इको फ्रेंडली मूर्तियां बनाई जा रही हैं। इस बार 150 मूर्तियों के आर्डर आस्ट्रेलिया से आए हैं। ये मूर्तियां आस्ट्रेलिया के सिडनी शहर में प्रवासी भारतीयों के घरों में विराजेंगी। वहीं निमाड़ के खरगोन -बड़वानी के अलावा उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड के शांतिकुंज हरिद्वार, गुजरात व महाराष्ट्र के शहरों में भी मूर्तियां भेजी जाएंगी। यह प्रयास अखिल विश्व गायत्री परिवार, नर्मदा समग्र व सामाजिक संगठनों द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है।

गौरतलब है कि जिले में नर्मदा की माटी से इको फ्रेंडली गणेशजी की मूर्तियां बड़ी संख्या में तैयार की जाती हैं। प्रतिवर्ष आठ से दस हजार मूर्तियां यहां से तैयार कर निमाड़-मालवा सहित अन्य प्रदेशों में भेजी जाती हैं। अखिल विश्व गायत्री परिवार के युवा प्रकोष्ठ के लखन विश्वकर्मा एवं नर्मदा समग्र के राजेश जाधम ने बताया कि 19 सितंबर से शुरू हो रहे गणेश उत्सव की तैयारी जारी है।इस दौरान जगह-जगह गणेशजी की मूर्तियों की स्थापना की जाएगी। इस बार भी नर्मदा की माटी से बनी मूर्ति उत्तराखंड के शांतिकुंज हरिद्वार भी जाएंगी। वहीं इस बार गायत्री चेतना केंद्र सिडनी आस्ट्रेलिया के साधकों द्वारा वहां पर जनजागरण फैलाते हुए 150 प्रवासी भारतीयों के घरों में नर्मदा की माटी के गणेशजी विराजित करने का संकल्प लिया है। इसके तहत इनकी बुकिंग कराई गई है।

ऐसे बनाएं इको फ्रेंडली मूर्ति

 

पर्यावरणविद मनोज तिवारी एवं डा सचिन पाटील के अनुसार इको फ्रेंडली मूर्ति बनाने की विधि सभी को बताई जा रही है। यह घर में बनाना आसान है। सादे सफेद कागज को पानी में गला लें। इसके बाद कागज को पीस लें, लकड़ी वाली गोंद को कागज में मिलाकर पेस्ट बनाएं। चाक के पाउडर और मिट्टी में पेस्ट मिलाकर गूंथे।

कलर करने के लिए पालक, चुकंदर, हल्दी व गेंदे के फूलों को पीसकर अलग-अलग रंग बनाएं। चरणबद्ध तरीके से हाथों से मूर्ति को आकार दें। डेकोरेशन के लिए दाल-चावल का उपयोग किया जा सकता है। मिट्टी की एक वर्ग फीट मूर्ति बनाने में 100 मिलीलीटर पानी लगता है, जबकि इतनी ही बड़ी पीओपी की प्रतिमा बनाने में पांच लीटर पानी लगता है।

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