प्रधानमंत्री मुद्रा लोन योजना में सबसिडी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले आरोपित को रोहिणी दिल्ली से राज्य साइबर सेल ने गिरफ्तार किया है। आरोपित लोगों को मुद्रा लोन के विज्ञापन के नाम पर ठगी करता था, उसने भोपाल के एक व्यापारी को इस तरीके से अपने जाल में फंसाया और उससे पांच लाख की ठगी कर दी थी। बाद में इस मामले की शिकायत पर एफआइआर दर्ज की गई थी।
राज्य साइबर सेल के मुताबिक शाहपुरा निवासी यशपाल दत्ता को एक अनजान नंबर से उनके मोबाइल पर संदेश आया जिसमें दो प्रतिशत ब्याज दर पर लोन और सबसिडी का लालच दिया था। उनसे लोन की प्रोसोसिंग शुल्क के नाम पर रुपये एक बार लेना शुरू किए तो वह देते ही चले गए। इस तरह उन्होंने पांच लाख रुपये गंवा दिए। बाद में जब यशपाल को एहसास हुआ कि वह ठगी के शिकार हो गए हैं तो पुलिस के पास पहुंचे। जहां उनकी शिकायत पर मामले की जांच की तो पुलिस ने बैंक संबंधित जानकारी और मोबाइल की काल डिटेल के आधार पर पाया कि दिल्ली रोहिणी का रहने वाला अनिल माहेश्वरी इस ठगी के पीछे है। सायबर क्राइम ने उसे दिल्ली से गिरफ्तार किया।
ऐसे करता था ठगी
उसने पूछताछ में बताया कि वह इस तरह से करीब सौ लोगों के साथ ठगी कर चुका है। वह फर्जी दस्तावेज बनाकर सिम चालू करवाता था और इंटरनेट मीडिया के माध्यम वाट्सएप और वल्क में सबसिडी देने का झांसा देकर लोगों को सस्ते दर पर शासकीय लोन योजना देने लाभ दिलाने के नाम पर ठगी करता था। वह करीब एक साल से इस तरह से ठगी कर रहा था।
वृद्ध और बेरोजगार रहते थे निशाने पर
आरोपित के निशाने पर ज्यादातर वृद्ध लोग और बेरोजगार युवक-युवतियां रहते थे। आरोपित लोन स्वीकृत होने का फर्जी पत्र भी जारी करवा देता था। वह व्यक्ति से शुरूआत में भरोसा दिलाने के नाम पर करीब पांच सौ से ढाई हजार तक के रूपये ले लेता था। आरोपित के पास से दो सिम कार्ड, एक मोबाइल, दो एटीएम, एक फर्जी वोटर कार्ड और नकदी करीब 54 हजार रूपये बरामद किए गए हैं।