Tuesday, February 24, 2026
spot_img
Homeअंतरराष्ट्रीयक्या फिर शुरू होगी कैलाश मानसरोवर यात्रा? पीएम मोदी-जिनपिंग की मुलाकात के...

क्या फिर शुरू होगी कैलाश मानसरोवर यात्रा? पीएम मोदी-जिनपिंग की मुलाकात के बाद सामने आया बड़ा अपडेट

BRICS Summit 2024: रूस में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान कजान में बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की मुलाकात हुई। इस मुलाकात में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई है। पीएम मोदी ने मुलाकात के दौरान चीनी राष्ट्रपति से कहा कि आपसे मिलकर खुशी हुई। भारत और चीन के संबंध न केवल उनके लोगों के लिए, बल्कि दुनियाभर की शांति स्थिरता और प्रगति के लिए जरूरी हैं। माना जा रहा है कि कैलाश मानसरोवर यात्रा को लेकर भी दोनों नेताओं के बीच बात हुई है।

इसको लेकर सकारात्मक अपडेट सामने आ सकता है। मुलाकात से पूर्व भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिसरी का बयान सामने आया था। उनसे पूछा गया था कि क्या कैलाश मानसरोवर यात्रा बंद करने का मुद्दा वार्ता में शामिल किया जाएगा? इसके जवाब में मिसरी ने कहा था कि मुझे यकीन है कि यह उन मुद्दों में से एक होगा, जो नेताओं के बीच होने वाली चर्चाओं के एजेंडे में होंगे।वार्ता के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि सीमा पर पिछले चार साल में जो स्थिति बनी थी। उस विषय पर बनी सहमति का वे स्वागत करते हैं। सीमा पर शांति और स्थिरता बनी रहे, भारत और चीन को इसके लिए पहल करनी होगी। आपसी विश्वास और एक-दूसरे को साथ लेकर ही दोनों देश आगे बढ़ सकते हैं। वहीं, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा कि दोनों देशों के बीच अधिक संचार और सहयोग की जरूरत है। हमें अपने मतभेदों को भुलाकर एक-दूसरे की विकास आकांक्षाओं को पूरा करने की जरूरत है। विकासशील देशों को एक होना होगा। हम लोगों को अपनी अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारियों को भी निभाना होगा। अंतरराष्ट्रीय संबंधों को बढ़ाने के साथ ही लोकतंत्र को बढ़ावा देने के लिए दोनों देशों को लगातार काम करने की जरूरत है।

2020 में बनी थी तनाव की स्थिति

2020 में भारत और चीन सीमा पर सेनाएं आमने-सामने आ गई थीं। जिसके बाद लगातार राजनयिक और विभिन्न स्तर पर दोनों देशों के बीच बातचीत शुरू हुई थी। अब दोनों पक्षों के बीच बनी सहमति से कई मुद्दों को सुलझने के आसार हैं। पीएम मोदी ने कहा कि हमारी सीमाओं पर लगातार शांति बनी रहे, इसका ध्यान रखना होगा। दोनों देशों ने जोर दिया कि सीमा विवाद से निपटने के लिए विशेष प्रतिनिधियों को नियुक्त करना जरूरी है। तभी शांति बनाए रखने में मदद मिलेगी। द्विपक्षीय वार्ता के दौरान दोनों नेताओं ने भारत-चीन संबंधों को क्षेत्रीय, वैश्विक शांति तथा स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण करार दिया।

RELATED ARTICLES

ADVERTISMENT

Most Popular