Thursday, May 7, 2026
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जन्मदिवस के दिन डब्ल्यूसीएल के कर्मचारियों ने अपने घर में फांसी लगाकर की आत्महत्या

बीसी सोसायटी के लेन देन ने निगल ली ज़िन्दग़ी

पूर्व में भी दो – तीन बार कर चुका था आत्म हत्या का प्रयास

दो पेज का लिखा सुसाइड नोट आत्महत्या करने का तीन लोगों का बताया कारण

सारनी ।वेस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड पाथाखेड़ा की भूमिगत खदान में काम करने वाले कर्मचारियों ने मंगलवार को अपने आवास में दोपहर 12 से 2: बजे के बीच में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है।आत्महत्या करने से पहले मृतक के माध्यम से दो पेज का सुसाइड नोट लिखा गया है और इस सुसाइड नोट में नसीम खान कपड़ा व्यापारी,भोला सिंह ठेकेदार और राकेश की वजह से आत्महत्या करना बात कर मौत को गले लगाने का काम किया है। घटना की जानकारी पाथाखेड़ा पुलिस को लगता ही 2 बजे के लगभग मौके पर पहुंचकर मृतक के शव को उतार कर पोस्टमार्टम के लिए भेजने का काम किया है।पाथाखेड़ा पुलिस में इस मामले में मर्ग कायम करके विवेचना शुरू कर दी है पुलिस की विवेचना के बाद कई चेहरे से नक़ाब उतरने की संभावना व्यक्त की जा रही है। अनिल खावसे ने अखिर आत्महत्या क्यों कि यह सबसे बड़ा जांच कई है वेस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड पाथाखेड़ा की भूमिगत खदान में काम करने वाले अनिल खवसे के माध्यम बगडोना की एक कम्प्यूटर दुकान पर से सोसाइटी संचालित करने का कार्य किया जाता था जिसमें नगर के कई व्यापारियों और वेकोली कर्मचारियों का मोटा पैसा लगा था सोसायटी संचालक की ठगी की वजह से मृतक समय पर पैसा वापस नहीं कर पा रहे था। हालांकि अनिल खावसे के माध्यम से इसके पूर्व भी दो बार जहर खुरकी की घटना की जा चुकी थी। अब सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि वेस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड पाथाखेड़ा की भूमिका खदान में काम करने वालले एक मामूली से कर्मचारियों के माध्यम से समिति के नाम पर करोड़ों रुपए के गोलमाल अकेले तो नहीं किया जा सकता है। इस गोलमाल के पीछे कौन-कौन लोग हैं इसकी भी जांच पड़ताल और पूछ परख होनी चाहिए हालांकि सूत्रों का कहना है कि जब अनिल खावसे के माध्यम से पहली बार जहर खुरकी की गई थी तो यह मामला पुलिस तक पहुंचा था और सारनी एसडीओपी के समक्ष कई व्यापारी ठेकेदारों के सामंजस का मामला आया था लेकिन इस पूरे घटनाक्रम में कहीं ना कहीं सत्ता पक्ष के एक नेता का नाम प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष रूप से जुडा होना भी अनिल खावसे की आत्महत्या को संदिग्ध बना रहा है। सूत्रों का तो कहना है कि मंगलवार 12 से 2 बजे के बीच अनिल खावसे ने अपने घर के कमरे में अपने आप को बंद करके आत्महत्या की है लेकिन सत्ता पक्ष के एक नेता के माध्यम से मंगलवार सुबह 8 बजे से पाथाखेड़ा चौकी के इर्द-गिर्द घूमने इस आत्महत्या के पीछे सुनियोजित योजना संचालित करते दिखाई दे रहा है। खैर मामला जो भी हो लेकिन पाथाखेड़ा चौकी प्रभारी वंशज श्रीवास्तव तेज तारक प्रभारी है और इनके माध्यम से इस संपूर्ण घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच करने की संभावना व्यक्ति की जा रही है मामला जो भी हो लेकिन इस संपूर्ण घटनाक्रम में अनिल खावसे की जान जाना बच्चों का अनाथ होना यह बड़ा दुखद विषय है।

इनका कहना है अनिल खवसे ने मंगलवार दोपहर 12 बजे से 2 बजे के बीच में अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है,सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर शव को उतार कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मृतक ने दो पेज का सुसाइड नोट लिखा है जिसमें नसीम खान पुराना बाजार, भोला सिंह,राकेश खबरिया की वजह से आत्महत्या करना बताया गया है मामले में मार्ग कायम कर विवेचना की जा रही।

वंशज श्रीवास्तव पाथाखेड़ा चौकी प्रभारी

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