नई दिल्ली। संघ लोक सेवा आयोग की जांच में आईएएस अधिकारी पूजा खेडकर के फर्जीवाड़े का सच सामने आ गया है। यूपीएससी ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी है। उनकी उम्मीदवारी को रद्द करने के लिए एक नोटिस जारी किया है।
यूपीएससी की जांच में पूजा खेडकर को लेकर हैरान करने वाली जानकारी सामने आई है। उन्होंने कई सारे फर्जीवाड़े किए हैं। उन्होंने अपना, पिता और मां का नाम बदल कर लिखा है। उन्होंने अटेंप्ट से ज्यादा बार परीक्षा देकर नियमों को ताक पर रखा। उन्होंने अपनी तस्वीर, सिग्नेचर, ई-मेल आईडी और मोबाइल नंबर तक की गलत जानकारी दी थी।
पूजा को आयोग ने भेजा नोटिस
यूपीएससी ने पूजा खेडकर के नाम एक कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इसमें उनसे पूछा गया है कि वह बताएं कि आखिर उनका यूपीएससी में चयन क्यों ना रद्द किया जाए। उनको भविष्य में किसी भी परीक्षा में बैठने के लिए वंचित कर दिया जाए।
ऑडी कार पर लाल-नीली बत्ती लगाने से हुआ विवाद
पूजा खेडकर यूपीएससी की परीक्षा में 821 रैंक हासिल कर आईएएस बनीं। वह अभी ट्रैनिंग पीरियड पर हैं। पूजा एकदम से मीडिया की सुर्खियों में आ गईं। दरअसल, उन्होंने अपनी निजी ऑडी कार पर लाल-नीली बत्ती व वीआईपी नंबर प्लेट लगा लिया था। उसके बाद उन पर आरोप लगा कि सिविल परीक्षा पास करने के लिए उन्होंने फर्जी दिव्यांग सर्टिफिकेट का सहारा लिया है। उन्होंने अन्य पिछड़ा वर्ग का फर्जी प्रमाण पत्र भी लगाया है।




