नई दिल्ली। रामकृष्ण मिशन के अध्यक्ष स्वामी स्मरणानंद का मंगलवार को देहांत हो गया। उन्होंने 95 साल की उम्र में अंतिम सांस ली। वह लंबे समय से बीमार चल रहे थे। आरके मिशन ने बयान जारी कर उनके निधन की जानकारी दी। बयान में कहा गया कि रामकृष्ण मठ और रामकृष्ण मिशन के परम पूज्य अध्यक्ष स्वामी स्मरणानंदजी महाराज ने मंगलवार रात्रि 8.14 बजे महासमाधि ली।
स्वामी स्मरणानंद के देहांत पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है। पेशाब में इंफेक्शन की वजह से 29 जनवरी को रामकृष्ण मिशन सेवा प्रतिष्ठान में एडमिट कराया गया था। बाद में स्मरणानंद जी को सांस की समस्या होने लगी। इसकी वजह से 23 मार्च को वेंटिलेटर पर रखा गया।
करुणा और बुद्धिमता प्रेरित करती रहेगी- पीएम मोदी
उनके निधन पर शोक जताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स हैंडल पर लिखा कि रामकृष्ण मठ और रामकृष्ण मिशन के श्रद्धेय अध्यक्ष श्रीमत स्वामी स्मरणानंद जी महाराज ने अपना जीवन आध्यात्मिकता और सेवा के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने अनगिनत दिलों और दिमागों पर अमित छाप छोड़ी। पीएम मोदी ने लिखा, सालों से मेरा उनसे घनिष्ठ संबंध रहा है। मुझे 2020 में बेलूर मठ की अपनी यात्रा याद है जब मैंने उनसे बातचीत की थी। कुछ हफ्ते पहले कोलकाता में भी मैंने अस्पताल में जाकर उनके स्वासथ्य के बारे में जानकारी ली थी। मेरी संवेदनाएं बेलूर मठ के अनगिनत भक्तों के साथ हैं। ओम शांति।




