भोपाल – भाजपा नेता प्रतीक पाराशर के खिलाफ दर्ज रेप की FIR झूठी, युवती ने रेप का झूठा केस अपने परिचित के कहने पर दर्ज करवाया था ,मामला मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के अशोका गार्डन थाने में दर्ज किया गया था।
केस दर्ज होते ही भाजपा नेता को पार्टी ने निष्कासित कर दिया। वहीं, भाजपा नेता ने भोपाल कोर्ट में याचिका लगा दी। भोपाल पुलिस ने जांच में पाया कि महिला ने जितनी बार बयान दिए, उनमें कुछ ना कुछ बदलाव है।
फरियादी ने स्वीकारा कि मैंने झूठे आरोप प्रिंस के बहकावे में आकर दर्ज करवाया था
उक्त महिला ने शपथ पत्र दिया जिसमे लिखा गया की मैं रीता बमन पत्नी श्री सुमित बमन आनंद नगर कोकता में निवास करती हु मैंने दिनांक 10-05-2023 को थाना अशोका गार्डन में भाजपा नेता प्रतीक पारासर के विरुद्ध अपराध 195/23 धारा 375(2) का पंजीबद्ध कराया था यह की प्रिंस यादव, दीपक पारासर ओर विशाल पारासर ने मुझे गुमराह किया में पड़ी लिखी नहीं हु मुझे पड़ना नहीं आता इन्होने जो दस्तावेज जो दिए थे उन पर मैंने अपने हस्ताक्षर कर थाने में प्रस्तुत कर दिए मैंने C M हेल्प लाइन एवं थाना अशोका गार्डन में प्रतीक पारासर के विरुद्ध झूठी शिकयत की थी
लड़की ने पुलिस को लिख कर दिया, वह कोई कार्रवाई नहीं चाहती
पुलिस ने जांच को मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी भोपाल के समक्ष प्रस्तुत किया। पाया कि युवती के द्वारा भाजपा नेता प्रतीक पारासर के खिलाफ उनकी छवि धूमिल करने के लिए झूठी रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। युवती ने अशोका गार्डन थाना पुलिस को एक आवेदन पत्र भी दिया, जिसमें उसने कबूल किया कि प्रतीक पारासर के खिलाफ जितनी भी शिकायतें करवाई थी, उस पर वह कार्रवाई नहीं चाहती है।




